सोमवार, 18 फ़रवरी 2013

----- मिनिस्टर राजू 79 -----

राजू : -- मास्टर जी ! तनिक इ तो बताइये की मस्जिद के खुलते ही, माने की
             संसद सत्र सूरु होते ही उ आबरू के अब्बा की खामोसी की मौसी काहे
             मर जाती है..,

            " का है की उहाँ बाँग देना पड़ता है न माने की कोन्हु कछु पूछता है तो
               बोलना-बतियाना पड़ता है..,

राजू : -- मास्टर जी ! उहाँ का पूछते हैं..??

            " इही की अबकी घोटाला लाटरी का 'माल' कहाँ छुपाया "

राजू:-- लो उ तो खुदई 'मालामाल बिकली' हैं उ कौन हवाले से पूछेंगे
           मास्टर जी एतना अभिनय तो अभिनय-साला में नहीं देखें है

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