" राजू ! तुम बढ़े होकर क्या बनोगे..? चित्रकार अथवा मूर्तिकार..??
राजू : -- मास्टर जी ! चाटुकार..!!!!!
" क्यों बनोगे..?"
राजू : -- मास्टर जी ! क्योंकि चाटुकार बनने भर से राष्ट्रपति एवं प्रधानमन्त्री
बन सकते हैं, तत्पश्चात कुछ और बनने की आवश्यकता ही नहीं होगी....."
राजू : -- मास्टर जी ! चाटुकार..!!!!!
" क्यों बनोगे..?"
राजू : -- मास्टर जी ! क्योंकि चाटुकार बनने भर से राष्ट्रपति एवं प्रधानमन्त्री
बन सकते हैं, तत्पश्चात कुछ और बनने की आवश्यकता ही नहीं होगी....."
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